PANIPAT AAJKAL : आई.बी. (पीजी) कॉलेज, पानीपत के राजनीति विज्ञान विभाग द्वारा महान समाज सुधारक, दार्शनिक एवं आर्य समाज के संस्थापक महर्षि स्वामी दयानंद सरस्वती की जयंती के अवसर पर “विचारोत्तेजक भाषण प्रतियोगिता” का सफल एवं अनुकरणीय आयोजन किया गया। इस शैक्षणिक गतिविधि का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में राष्ट्रीय चेतना, सत्यनिष्ठा, स्वशासन, सामाजिक सुधार तथा तर्कपूर्ण चिंतन को प्रोत्साहित करना रहा।
प्रतिभागियों को तीन विषयों— “स्वराज्य: स्वशासन का प्रथम शंखनाद”, “स्वामी दयानंद सरस्वती के जीवन से प्राप्त शिक्षाएँ” तथा “सत्य की खोज” पर अपने विचार प्रस्तुत करने का अवसर प्रदान किया गया। सभी प्रतिभागियों ने अपने विचार अत्यंत आत्मविश्वास, तार्किकता और प्रभावशाली शैली में व्यक्त किए।
महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. शशि प्रभा मलिक ने अपने प्रेरणादायी संदेश में कहा कि महर्षि दयानंद सरस्वती के विचार आज भी समाज में नैतिकता, समानता और जागरूकता की नई ऊर्जा भरते हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की सह-शैक्षिक गतिविधियां विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं तथा उनमें नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में सत्य, अनुशासन और राष्ट्र सेवा के आदर्शों को अपनाने के लिए प्रेरित किया।
महाविद्यालय की उपप्राचार्य एवं राजनीति विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. किरण मदान ने अपने अध्यक्षीय संबोधन में कहा कि “स्वामी दयानंद सरस्वती का चिंतन केवल धार्मिक सुधार तक सीमित नहीं था, बल्कि उन्होंने भारतीय समाज को बौद्धिक स्वतंत्रता, सामाजिक न्याय और स्वशासन की दिशा में नई चेतना प्रदान की।” उन्होंने विद्यार्थियों को समझाया कि वे महर्षि दयानन्द के विचारों को केवल भाषण तक सीमित न रखें, बल्कि उन्हें अपने जीवन व्यवहार में भी अपनाएँ।
कार्यक्रम की संयोजक एवं गतिविधि प्रभारी सहायक प्राध्यापक खुशबू ने अपने वक्तव्य में कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां विद्यार्थियों के बौद्धिक विकास, आत्मविश्वास और विचार अभिव्यक्ति की क्षमता को निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं तथा उन्हें सामाजिक और राष्ट्रीय विषयों पर सजग बनाती हैं।
प्रतियोगिता के दौरान विद्यार्थियों ने स्वामी दयानंद सरस्वती द्वारा प्रतिपादित वेदों की ओर लौटो, सामाजिक कुरीतियों के विरोध, स्त्री शिक्षा, समानता, राष्ट्रवाद तथा नैतिक मूल्यों जैसे विषयों को समसामयिक संदर्भों से जोड़ते हुए प्रस्तुत किया, जिससे श्रोतागण विशेष रूप से प्रभावित हुए।
भाषण प्रतियोगिता में सभी कक्षाओं से विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। बी.ए.द्वितीय वर्ष से आशिका ने प्रथम स्थान तथा प्रीति ने द्वितीय स्थान , बी.ए. तृतीय वर्ष से नितिन वर्मा ने प्रथम स्थान एवं गणिशा ने द्वितीय स्थान हासिल किया। वहीं एम.ए.(राजनीति विज्ञान) प्रथम वर्ष से मनीष ने प्रथम स्थान तथा काजल ने द्वितीय स्थान प्राप्त कर अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुति से सभी को प्रभावित किया। विजेता विद्यार्थियों को डॉ. किरण मदान , डॉ. पूनम मदान एवं डॉ. नीलम दहिया एवं राजनीति विभाग के सभी सदस्य प्राध्यापकों द्वारा प्रशस्ति पत्र और विषय संबंधित पुस्तक प्रदान कर सम्मानित किया गया, जिससे विद्यार्थियों में विशेष उत्साह एवं प्रेरणा का संचार हुआ। कार्यक्रम का मंच संचालन बी.ए. तृतीय वर्ष के छात्र नितिन वर्मा द्वारा कुशलतापूर्वक किया गया।
कार्यक्रम के सफल संचालन में राजनीति विज्ञान विभाग से खुशबू, राहुल कुमार, पूजा एवं कुलदीप शर्मा का विशेष योगदान रहा, जिन्होंने विद्यार्थियों को प्रतियोगिता के लिए मार्गदर्शन एवं प्रेरणा प्रदान की।
प्रतियोगिता के अंत में सभी विद्यार्थियों को समाज और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम का समापन स्वामी दयानंद सरस्वती के आदर्शों को आत्मसात करने के संकल्प के साथ हुआ।